
भारत ने खो-खो के पहले विश्व कप में ऐतिहासिक जीत दर्ज की है, जहां पुरुष और महिला दोनों टीमों ने नेपाल को हराकर चैंपियन का खिताब अपने नाम किया। रविवार, 19 जनवरी 2025 को नई दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में खेले गए फाइनल मुकाबलों में महिला टीम ने नेपाल को 78-40 के बड़े अंतर से पराजित किया, जबकि पुरुष टीम ने 54-36 से जीत हासिल की।
टूर्नामेंट का सफर
13 से 19 जनवरी तक आयोजित इस टूर्नामेंट में भारतीय टीमों का प्रदर्शन शानदार रहा। महिला टीम ने अपने ग्रुप मैचों में दक्षिण कोरिया को 175-18, ईरान को 100-16 और मलेशिया को 100-20 से हराया। क्वार्टरफाइनल में बांग्लादेश को 109-16 और सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका को 66-16 से मात दी।
पुरुष टीम ने ग्रुप चरण में नेपाल, पेरू, ब्राजील और भूटान के खिलाफ जीत दर्ज की। क्वार्टरफाइनल में श्रीलंका को 100-40 और सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका को 60-18 से हराया।
ऐतिहासिक जीत

इस ऐतिहासिक जीत के बाद भारतीय टीमों ने तिरंगे के साथ विक्ट्री लैप लगाकर अपनी खुशी जाहिर की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस उपलब्धि पर टीमों को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
खो-खो का वैश्विक मंच

खो-खो, जो भारत का पारंपरिक खेल है, अब वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बना रहा है। पहला खो-खो विश्व कप नई दिल्ली में आयोजित किया गया, जिसमें विभिन्न देशों की टीमों ने हिस्सा लिया और इस खेल की लोकप्रियता को बढ़ावा दिया।
इस जीत ने न केवल भारतीय खेल जगत में एक नया अध्याय जोड़ा है, बल्कि खो-खो के खेल को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई है